क्या 15000 से ज्यादा सैलरी से पीएफ काटना अनिवार्य है?

kya 15000 se jyada salary se pf katana anivarya hai

ईपीएफओ के नियम के मुताबिक प्राइवेट सेक्टर में काम करने वाले कर्मचारी का पीएफ तब कटता है जब मूल वेतन और महंगाई भत्ता को मिलाकर उसका कुल वेतन 15 हजार होता है और अगर किसी कर्मचारी का वेतन 15 हजार से ज्यादा है तो ऐसी स्थिति में उसका पीएफ कटना जरूरी नहीं है, यह कर्मचारी और एंप्लॉयर की मर्जी पर निर्भर करता है, चलिए हम इसे एक उदाहरण से समझते हैं –

kya 15000 se jyada salary se pf katana anivarya hai

मान लीजिए कि किसी कम्पनी में एक कर्मचारी का वेतन 15 हजार है तो उसका पीएफ कटना अनिवार्य है लेकिन अगर उस कर्मचारी का वेतन 18 हजार है तो ऐसे में उसका पीएफ तब तक नहीं कटेगा जब तक कर्मचारी और उसका एंप्लॉयर इस बात के लिए तैयार ना हो, अगर कर्मचारी इस स्थिति में अपना पीएफ कटवाना चाहता है तो इसके लिए उसे अपने  एंप्लॉयर से बात करनी होगी और जब एंप्लॉयर इसकी इजाजत दे देगा तभी कर्मचारी का पीएफ कट सकता है।

वहीं अगर कोई कर्मचारी एक कम्पनी छोड़कर दूसरी कम्पनी में जॉब करने जाता है और उसके पास आलरेडी यूएन नंबर है तो 15 हजार से ज्यादा वेतन होने के बाद भी उसकी कम्पनी को उसका पीएफ काटना ही होगा।

पीएफ में फॉर्म 31 क्या है?

आप कितनी बार अपना पीएफ निकाल सकते हैं?

PF का पूरा पैसा कितने दिन में आता है?

पीएफ का टोल फ्री नंबर कौन सा है?

Leave a Comment